विकासनगर -अमित कुमार
शक्ति नहर में कार दिखाई देने की सूचना मिलते ही ग्राम पंचायत नवाबगढ़ की प्रधान शाहना अली अहमद ने तत्काल पुलिस को इसकी जानकारी दी। इसके बाद पुलिस, एसडीआरएफ और स्थानीय लोगों की मदद से नहर में सर्च अभियान शुरू किया गया। काफी तलाश के बावजूद कार का पता नहीं चल सका, जिसके बाद एनडीआरएफ की टीम को भी बुलाया गया।

लगातार सर्च अभियान के बाद देर रात पावर हाउस से करीब 50 मीटर की दूरी पर कार होने की सूचना मिली। रेस्क्यू टीम ने हाइड्रा की मदद से कार को नहर से बाहर निकाल लिया। हालांकि, कार के अंदर कोई व्यक्ति नहीं मिला। चालक कौन था और कार में कितने लोग सवार थे, इसका अभी तक पता नहीं चल पाया है। पुलिस और रेस्क्यू टीम द्वारा सवार लोगों की तलाश जारी है।
वहीं, पूरे रेस्क्यू अभियान के दौरान नवाबगढ़ की प्रधान शाहना अली अहमद की सक्रियता की हर ओर चर्चा हो रही है। बताया जा रहा है कि वह लगातार तीन दिनों तक दिन-रात मौके पर डटी रहीं। बारिश हो या धूप, उन्होंने मौके से हटे बिना रेस्क्यू अभियान में हर संभव सहयोग किया।
कार को बाहर निकालने के लिए प्रधान ने पावर हाउस में धरना भी दिया, जिसके बाद डैम का पानी रोके जाने की कार्रवाई की गई। उन्होंने स्थानीय लोगों, पुलिस, प्रशासन और रेस्क्यू टीम के साथ लगातार समन्वय बनाए रखा।
मौके पर मौजूद लोगों ने प्रधान की सक्रियता की सराहना करते हुए कहा—“प्रधान हो तो ऐसी।” लोगों का कहना है कि संकट की घड़ी में तीन दिन तक लगातार मौके पर मौजूद रहकर जनता के साथ खड़े रहना एक जनप्रतिनिधि की जिम्मेदारी और संवेदनशीलता को दर्शाता है।
शाहना अली अहमद की इसी सक्रियता और लगातार प्रयासों को लेकर नवाबगढ़ समेत आसपास के क्षेत्र में उनकी जमकर चर्चा हो रही है।


















































