PM Modi Oath Ceremony: मैं नरेंद्र दामोदर दास मोदी

मोदी ने तीसरी बार पीएम के रूप में ली शपथ; कैबिनेट में राजनाथ, शाह, नड्डा सहित 24 राज्यों से 72 मंत्री शामिल

*नरेंद्र मोदी ने रविवार को तीसरी बार प्रधानमंत्री पद की शपथ लेते हुए देश के पहले पीएम जवाहर लाल नेहरू के रिकार्ड की बराबरी कर ली है। मोदी ने ईश्वर के नाम की शपथ ली।*

इसके बाद राजनाथ, अमित शाह, नितिन गडकरी, जेपी नड्डा और शिवराज सिंह चौहान ने शपथ ली। प्रधानमंत्री मोदी के साथ 24 राज्यों से 72 मंत्रियों ने शपथ ली। मोदी 3.0 में 31 कैबिनेट मंत्री, पांच राज्यमंत्री (स्वतंत्र प्रभार) और 36 राज्य मंत्री बनाए गए हैं। 11 मंत्री एनडीए के घटक दलों से शामिल किए गए हैं, जबकि 39 पहले भी केंद्रीय मंत्री रह चुके हैं। भाजपा की ओर से राजनाथ, गडकरी जैसे वरिष्ठ नेता लगातार तीसरी बार कैबिनेट मंत्री बने हैं। पार्टी अध्यक्ष जेपी नड्डा को भी मंत्री बनाया गया है।

मोदी सरकार के तीसरे कार्यकाल में कैबिनेट मंत्री के रूप में शपथ लेने वालों में मध्य प्रदेश के पूर्व मुख्यमंत्री शिवराज सिंह चौहान, हरियाण के पूर्व सीएम मनोहर लाल खट्टर, एचडी कुमारस्वामी, पीयूष गोयल सरीखे नाम शामिल हैं। इसके अलावा, धर्मेंद्र प्रधान, जेडीयू के कोटे से ललन सिंह, वीरेंद्र कुमार आदि को भी कैबिनेट मंत्री बनाया गया है। राष्ट्रपति भवन में शपथ ग्रहण समारोह के दौरान सात देशों के लीडर्स के अलावा देश के फिल्म स्टार भी पहुंचे, इनमें अक्षय कुमार, शाहरुख खान, विक्रांत मेसी और राजकुमार हिरानी शामिल रहे। इसके अलावा रिलायंस ग्रुप के चेयरमैन मुकेश अंबानी भी समारोह में दिखे।

इन नेताओं को नहीं मिली मोदी 3.0 कैबिनेट में जगह

पिछली बार मंत्री रहे जिन नेताओं को कैबिनेट में शामिल नहीं किया गया है उनमें स्मृति ईरानी, अनुराग ठाकुर, अजय मिश्रा टेनी, जनरल वीके सिंह, राजीव चंद्रशेखर, अश्विनी चौबे और नारायण राणे का नाम शामिल है। इसी तरह से अजय भट्ट, साध्वी निरंजन ज्योति, मीनाक्षी लेखी, राजकुमार रंजन सिंह, आरके सिंह, अर्जुन मुंडा, निशीथ प्रमाणिक, सुभाष सरकार, जॉन बारला, भारती पंवार, रावसाहेब दानवे, कपिल पाटिल, नारायण राणे और भगवत कराड को भी कैबिनेट में जगह नहीं मिली है। हालांकि, इनमें से कुछ नेता ऐसे हैं, जिन्हें चुनावी हार मिली है, जबकि कुछ को इस बार भाजपा ने लोकसभा का टिकट भी नहीं दिया था। इसके अलावा कुछ नेता ऐसे भी हैं, जिन्हें टिकट भी मिला और वह चुनाव भी जीते, लेकिन कैबिनेट से उन्हें दूर रखा गया है, इनमें अजय भट्ट, अनुराग ठाकुर और नारायण राणे का नाम शामिल है।

31 कैबिनेट मंत्री

राजनाथ सिंह, अमित शाह, नितिन गडकरी, जेपी नड्डा, शिवराज सिंह चौहान, निर्मला सीतारमण, एस जयशंकर, मनोहर लाल खट्टर, एचडी कुमारस्वामी,पीयूष गोयल, धर्मेंद्र प्रधान, जीतन राम मांझी, ललन सिंह, सर्बानंद सोनोवाल, वीरेंद्र कुमार, राममोहन नायडू, प्रह्लाद जोशी, जुएल ओरांव, गिरिराज सिंह, अश्विनी वैष्णव, ज्योतिरादित्य सिंधिया, भूपेंद्र यादव, गजेंद्र सिंह शेखावत, अन्नपूर्णा देवी, किरेन रिजीजू, हरदीप सिंह पुरी, मनसुख मांडविया, जी किशन रेड्डी, चिराग पासवान, सीआर पाटिल

पांच राज्य मंत्री (स्वतंत्र प्रभार)

राव इंद्रजीत सिंह, जितेंद्र सिंह, अर्जुन राम मेघवाल, प्रतापराव जाधव, जयंत चौधरी

36 राज्य मंत्री

जितिन प्रसाद, श्रीपद नाइक, किशन पाल गुर्जर, पंकज चौधरी, रामदास अठावले, रामनाथ ठाकुर, नित्यानंद राय, अनुप्रिया पटेल, वी सोमन्ना, चंद्रशेखर पेम्मासानी, एसपी सिंह बघेल, शोभा करंदलाजे, कीर्ति वर्धन सिंह, बीएल वर्मा, शांतनु ठाकुर, सुरेश गोपी, एल मुरुगन, बंदी संजय कुमार, अजय टम्टा, भागीरथ चौधरी, कमलेश पासवान, सतीश चंद्र दुबे, संजय सेठ, रवनीत सिंह बिट्टू, दुर्गा दास उइके, रक्षा खडसे, सुकांता मजूमदार, सावित्री ठाकुर, तोखन साहू, राज भूषण चौधरी, भूपति राजू श्रीनिवास वर्मा, हर्ष मल्होत्रा, निमुबेन बंभानिया, मुरलीधर मोहोल, जॉर्ज कुरियन, पबित्रा मार्गेरिटा